एक वेबटून पैनल जिसमें पाकिस्तान के विदेश मंत्री इशाक डार और अमेरिकी विदेश मंत्री मार्को रुबियो एक बैठक में बातचीत करते दिखाई दे रहे हैं, पृष्ठभूमि में ईरान और अमेरिका के झंडे और परमाणु प्रतीक हैं।
एक वेबटून पैनल जिसमें पाकिस्तान के विदेश मंत्री इशाक डार और अमेरिकी विदेश मंत्री मार्को रुबियो एक बैठक में बातचीत करते दिखाई दे रहे हैं, पृष्ठभूमि में ईरान और अमेरिका के झंडे और परमाणु प्रतीक हैं।

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पाकिस्तान ने ईरान के परमाणु राज़ अमेरिका को बताए? कहानी का प्रवाह और मुख्य तथ्य

पाकिस्तान के विदेश मंत्री इशाक डार पर आरोप लगे हैं कि उन्होंने हालिया अमेरिका यात्रा के दौरान अमेरिकी विदेश मंत्री मार्को रुबियो को ईरान के परमाणु कार्यक्रम से जुड़ी संवेदनशील जानकारी साझा की। यह दावा पूर्व CIA विश्लेषक लैरी जॉनसन ने एक अज्ञात सूत्र के हवाले से किया। उन्होंने कहा कि डार ने बताया कि ईरान अपनी परमाणु स्वतंत्रता बनाए रखने के लिए क्या करने को तैयार है।

इस दावे के बाद चर्चा तेज हो गई, लेकिन पाकिस्तान के विदेश मंत्रालय ने इन आरोपों को पूरी तरह खारिज कर दिया। प्रवक्ता ताहिर अंद्राबी ने स्पष्ट किया कि 29 मई की बैठक में ईरान की परमाणु गतिविधियों पर कोई चर्चा नहीं हुई और न ही कोई संवेदनशील जानकारी साझा की गई।

इशाक डार की वाशिंगटन यात्रा पाकिस्तान के अमेरिका और ईरान के बीच मध्यस्थता के प्रयासों के तहत हुई थी। बैठक के बाद रुबियो ने सुरक्षा और समृद्धि के लिए सहयोग बढ़ाने पर सहमति जताई थी। अभी तक इन दावों की कोई आधिकारिक पुष्टि नहीं हुई है।

तथ्य

  • पाकिस्तान के विदेश मंत्री इशाक डार ने 29 मई को अमेरिकी विदेश मंत्री मार्को रुबियो से बैठक की।
  • पूर्व CIA विश्लेषक लैरी जॉनसन ने दावा किया कि डार ने ईरान के परमाणु कार्यक्रम की संवेदनशील जानकारी अमेरिका को दी।
  • पाकिस्तान के विदेश मंत्रालय ने 5 जून को इन आरोपों को खारिज करते हुए कहा कि ईरान के परमाणु कार्यक्रम पर कोई चर्चा नहीं हुई।
  • प्रवक्ता ताहिर अंद्राबी ने कहा कि ऐसी कोई जानकारी साझा नहीं की गई।

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